
मधुबनी जिले में बांग्लादेशी होने के आरोप में एक युवक की बेरहमी से पिटाई का मामला सामने आया है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जांच में युवक की पहचान सुपौल जिले के निवासी एक मजदूर के रूप में हुई है, जो मधुबनी में फेरी का काम करता है।
मधुबनी जिले से एक बेहद निंदनीय और चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां बांग्लादेशी होने के आरोप में एक युवक की बेरहमी से पिटाई कर दी गई। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पीड़ित युवक की पहचान सुपौल जिले के निवासी एक मजदूर के रूप में हुई है, जो मधुबनी में रहकर फेरी लगाने का काम करता है।
वायरल वीडियो सामने आने के बाद मधुबनी के पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की। एसपी ने सदर डीएसपी के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन कर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आदेश दिया है। इसके साथ ही पूरे मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है। एसपी योगेंद्र कुमार ने वायरल वीडियो में किए जा रहे दावों का खंडन करते हुए स्पष्ट किया कि पीड़ित युवक बांग्लादेशी नहीं है, बल्कि वह पड़ोसी जिला सुपौल का निवासी है। उन्होंने बताया कि युवक मधुबनी जिले में फेरी का कार्य करता है और राजनगर थाना क्षेत्र के चकदह गांव में कुछ लोगों द्वारा उसके साथ मारपीट की गई।
पुलिस अधीक्षक ने यह भी बताया कि सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर भ्रामक और गलत खबरें फैलाई जा रही हैं, जिनमें युवक को बांग्लादेशी बताया जा रहा है, जो पूरी तरह से असत्य है। पुलिस सोशल मीडिया पर भी पैनी नजर बनाए हुए है ताकि किसी तरह की अफवाह या गलत सूचना फैलने से रोका जा सके। फिलहाल सदर डीएसपी-2 के नेतृत्व में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। अब देखना यह होगा कि पुलिस इस मामले में मारपीट करने वालों को कितनी जल्दी गिरफ्तार कर पाती है।



