
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने समृद्धि यात्रा के तीसरे चरण की मंगलवार को शुरुआत की। इसके तहत वह सुपौल जिले के निर्मली पहुंचे। राज्यसभा नामांकन के बाद मुख्यमंत्री ने यहां पहला बड़ा कार्यक्रम किया। मुख्यमंत्री सुबह 10:45 बजे वह निर्मली अनुमंडल कार्यालय परिसर में बने हेलीपैड पर हेलीकॉप्टर से पहुंचें। इसके बाद पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार निर्मली स्थित रिंग बांध जीर्णोद्धार कार्य और अनुमंडल कार्यालय परिसर में लगे स्टॉल का निरीक्षण किया।
जिले को दी बड़ी सौगात
इसके साथ ही जिले के विकास से जुड़ी विभिन्न विभागों की कुल 569.3677 करोड़ रुपये की 213 योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इनमें 434.469 करोड़ रुपये की 84 योजनाओं का शिलान्यास शामिल है, जबकि 134.8987 करोड़ रुपये की 129 योजनाओं का उद्घाटन किया गया। इसके बाद मुख्यमंत्री निर्मली अनुमंडल सभागार में जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में शामिल हुए। इसके बाद वह जनसवंद में शामिल हुए।
दोपहर में मधेपुरा के लिए होंगे रवाना
इसके बाद दोपहर 1:22 बजे हेलीकॉप्टर से मधेपुरा के लिए प्रस्थान करेंगे। इस तरह सुबह 10:45 बजे से दोपहर 1:22 बजे तक कुल दो घंटे 37 मिनट मुख्यमंत्री निर्मली में रहेंगे। इधर, मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर जिले में प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के मद्देनजर अधिकारियों ने की बैठक
सोमवार को निर्मली में डीएम सावन कुमार और एसपी शरथ आरएस की संयुक्त अध्यक्षता में अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को सफल और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने को लेकर कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा की गई। इस दौरान डीएम ने अधिकारियों को मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से संबंधित रूट चार्ट, आगमन-प्रस्थान की व्यवस्था, सभा स्थल की तैयारी, यातायात नियंत्रण, वीआईपी मूवमेंट और प्रशासनिक समन्वय से जुड़ी सभी व्यवस्थाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री का कार्यक्रम अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी विभागों के अधिकारी पूरी जिम्मेदारी और सजगता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। कार्यक्रम से संबंधित किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अधिकारियों को दिए गए अहम निर्देश
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि कार्यक्रम स्थल, हेलीपैड, बैठक स्थल, पार्किंग व्यवस्था, बैरिकेडिंग, पेयजल, चिकित्सा सुविधा और साफ-सफाई सहित सभी व्यवस्थाओं को समय रहते पूर्ण कर लिया जाए। साथ ही सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने और हर बिंदु पर सतर्क रहने का निर्देश दिया। बैठक के अंत में डीएम और एसपी ने सभी अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी लोग पूरी तत्परता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, ताकि समृद्धि यात्रा का कार्यक्रम सुचारू और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की न हो ढिलाई: एसपी
वहीं, एसपी शरथ आरएस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस पदाधिकारियों को कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद रहनी चाहिए। कार्यक्रम स्थल, हेलीपैड और रूट लाइन में तैनात पुलिस पदाधिकारी और जवान पूरी तरह सक्रिय रहें। उन्होंने कहा कि भीड़ नियंत्रण, ट्रैफिक मैनेजमेंट और वीआईपी सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। सभी पुलिस पदाधिकारी अपने दायित्वों को गंभीरता से निभाएं और किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहें। सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं होनी चाहिए। बैठक के दौरान कार्यक्रम से जुड़े विभिन्न प्रशासनिक और सुरक्षा पहलुओं की बारीकी से समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि कार्यक्रम से पहले सभी तैयारियों का स्थल पर जाकर निरीक्षण करें और किसी प्रकार की कमी होने पर उसे तत्काल दूर किया जाए।



