SEBI ने Mutual Fund को लेकर किए 5 बड़े एलान, बंद होगी ये कैटेगरी

सेबी ने म्यूचुअल फंड नियमों में बड़े बदलावों की घोषणा की है। इसके तहत ‘सॉल्यूशन ओरिएंटेड स्कीम्स’ को बंद कर दिया जाएगा, जिसमें रिटायरमेंट और चिल्ड्रन फंड शामिल थे। इनकी जगह ‘लाइफ साइकिल फंड’ शुरू किए जाएंगे, जो टारगेट डेट फंड होंगे। फंड ऑफ फंड्स (FOF) के नियमों में भी बदलाव हुए हैं, जिसमें 95% निवेश अंडरलाइंग फंड में करना होगा। ये नए नियम 6 महीने में लागू होंगे, जिससे निवेशकों को अधिक स्पष्टता मिलेगी।

सिक्योरिटी मार्केट नियंत्रित करने वाली संस्था सेबी ने म्यूचुअल फंड को लेक कई बड़े बदलावों का एलान किया है। इनमें सबसे बड़ा एलान ये है कि म्यूचुअल फंड की एक पूरी कैटेगरी को बंद कर दिया जाएगा। इसके साथ ही एक नई कैटेगरी की शुरुआत होगी। इसके अलावा भी कई बड़े एलान हुए हैं। आइए इनके बारे में एक-एक करके बात करते हैं।

किस कैटेगरी को किया गया बंद?
म्यूचुअल फंड के मुख्य रूप से 5 बड़े भाग है। इनमें इक्विटी फंड, हाइब्रिड फंड, डेट फंड, लाइफ साइकल फंड और अन्य स्कीम शामिल हैं। सेबी ने लाइफ साइकिल फंड को शुरू करने का एलान किया है। इसके साथ ही सॉल्यूशन ओरिएंटेड स्कीम्स को बंद कर दिया है।

सॉल्यूशन ओरिएंटेड स्कीम्स में कुल 41 स्कीम्स शामिल है। इसका टोटल AUM 57,274 करोड़ रुपये है। इस कैटेगरी में 29 रिटायरमेंट फंड और 12 चिल्ड्रन फंड है।

इसके साथ ही सेबी ने लाइफ साइकिल फंड की घोषणा की है। इसके अंतर्गत रिटायरमेंट और चिल्ड्रन फंड को शामिल किया जाएगा। लाइफ साइकिल फंड टारगेट डेट फंड होंगे। इसका अर्थ है कि शुरुआत में इस फंड का ज्यादा पैसा इक्विटी में निवेश किया जाएगा। वहीं मैच्योरिटी पास आने पर इस फंड का झुकाव डेट फंड की तरफ हो जाएगा।

FOF में भी बड़े बदलाव का एलान
एफओएफ के अंतर्गत इक्विटी एफओएफ, डेट एफओएफ, हाइब्रिड एफओएफ इत्यादि शामिल है। इस तरह के फंड दूसरे म्यूचुअल फंड में पैसा लगाते हैं। अब एफओएफ फंड को 95 फीसदी पैसा अंडरलाइंग फंड में लगाना पड़ेगा। इसके साथ ही AMC पर एफओएफ लॉन्च करने की एक सीमा होगी।

निवेशकों को मिलेगी ज्यादा क्लियरटी
अब फंड मैनेजर को पोर्टफोलियो ओवरलैप बताना होगा। मतलब कि पैसा क्या-क्या निवेश किया जा रहा है।
स्कीम का नाम कैटेगरी जैसा ही होना जरूरी है।

कब होंगे नियम लागू
सेबी के सर्कुलर के मुताबिक ये नियम 6 महीने में लागू हो जाएंगे।

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